Saturday, May 30, 2020
l Biofloc l Chapter-3 l part -1 l Full Details About Tank Construction f...
Thursday, May 28, 2020
l Biofloc l Chapter -1 What is Biofloc l Biofloc क्या है और ये कैसे कम करता है l
Introduction (ifjp;½%&
Biofloc
मछ्ली पालन की नई तकनीक है जो जल्दी ही भारत मे मछ्ली पालन की दिशा और दशा दोनों
बादल देगा। Biofloc एक जैविक प्रक्रिया होता है जिसमे Heterotrophic बैक्टीरिया का प्रयोग कर के अपशिष्ट (Wastage) को Floc मे बदल
देता है। Floc बहुत ढ़ेर सारे बैक्टीरिया का कॉलोनी होता है
जो एक दूसरे से जुड़ा होता है यह प्रक्रिया एक दम दूध से दही के बनने जैसा ही है। Floc मे प्रोटीन सेल होता है जो फिर से मछ्ली के खाने लायक हो जाता है।
Ø Advantage (लाभ) –
a) Biofloc से फिश फ़ार्मिंग मे बिना पानी बदले या बहुत कम मात्रा मे पानी को बादल कर
मछ्ली पालन किया जाता है यानि की पानी का बचत ।
b) इस तकनीक मे कम जगह
मे ज्यादा फिश फ़ार्मिंग किया जा सकता है यानि की छोटा किसान जिसके पास कम जगहा है
वो भी फिश फ़ार्मिंग कर सकता है ।
c) इस तकनीक से फिश
फ़ार्मिंग करने से मछलिओ मे बीमारी लगने का बहुत कम सम्भावना होता है।
d) इस तकनीक मे फिश के खाने के लिए टैंक मे हमेशा कुछ न कुछ खाने को रहता है जिससे तालाब की आपेक्षा FCR (Feed Conversion Ratio) कम हो जाता है यानि की फीड का बचत ।
Ø Disadvantage (हानी) –
a) इस तकनीक मे फिश फ़ार्मिंग करने के लिए 24 घंटा ऑक्सिजन का जरूरत होता है यानि की 24 घंटा बिजली का जरूरत ।
b) तालाब की आपेक्षा
ज्यादा देख-भाल ।
c) सभी तरह के water Parameter की जाच ।
l Biofloc l Chapter-2 l Important Testing Kit & Meter l Biofloc Fish Fa...
Biofloc के लिए कुछ जरूरी उपकरण और उसका Use
a) PH (Potential of Hydrogen) Meter – इसका इस्तेमाल पानी
मे PH कितना
है उसे चेक करने के लिये किया जाता है ।Biofloc फिश फ़ार्मिंग
मे पानी का PH 7.0 से 8.0 होना चाहिए।
b) Salinity Meter - इसका इस्तेमाल पानी मे Salinity यानि की नमक कितना है उसे चेक करने के लिये किया जाता है । Biofloc फिश फ़ार्मिंग मे पानी का Salinity अलग-अलग फिश के लिये अलग-अलग होता है फिर भी ये 0.5 ppt से 1.5 ppt तक ही होना चाहिए।
c) TDS Meter – इसका भी इस्तेमाल पानी मे नमक की मात्रा को चेक करने के लिये किया जाता है ।
d) Digital Thermometer - इसका इस्तेमाल पानी का तापमान (Temperature) चेक करने के लिये किया जाता है । Biofloc फिश फ़ार्मिंग मे पानी का तापमान (Temperature) 25°C से 35°C होना चाहिए।
e) Digital Weight Machine - इसका इस्तेमाल Biofloc मे
इस्तेमाल होने वाले सामानो के नाप-तौल के लिये किया जाता है ।
Ammonia Kit (TAN- Total
Ammonia Nitrogen)- इसका इस्तेमाल Biofloc टैंक
मे अमोनिया की मात्रा को चेक करने मे किया जाता है । Biofloc मे अमोनिया जहर की तरह है इसलिये इसे रोजाना चेक करते रहना पड़ता है ।
Nitrite (No2) Kit - इसका इस्तेमाल Biofloc टैंक
मे Nitrite की मात्रा को चेक करने मे किया जाता है । Biofloc
मे Nitrite भी जहर की तरह है।
Nitrate (No3) Kit - इसका इस्तेमाल Biofloc टैंक मे Nitrate की मात्रा को चेक करने मे किया जाता है ।
DO (Dissolved Oxygen) Meter/Kit - इसका इस्तेमाल पानी मे
ऑक्सिजन की मात्रा को चेक करने मे किया जाता है । Biofloc फिश फ़ार्मिंग के लिये
पानी मे ऑक्सिजन की मात्रा 4 ppm से 6 ppm तक होना चाहिए।
Sunday, May 17, 2020
l Biofloc l बिना Training के भी Biofloc किया जा सकता है । Biofloc Fish ...
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